जिंदगी
नहीं पता था उस लडकी को एक रात में उसकी साँसे थम जाएँगी,नियति बनके ही आयी थी उसके लिए काली रात, क्या अंदाज़ा था उसको जब वह खुश थी अपने जिंदगी के हर पल के लिए, क्षण भर में भी उसके दिमाग की छठी इंद्री नहीं खुल पाई थी,और हो गई वह उन काले नागों की शिकार










